स्वच्छ भारत मिशन : ग्रामीण स्वच्छता कार्यक्रम पर कार्यशाला का आयोजन - RNews1 Hindi Khabar

Header Ads

स्वच्छ भारत मिशन : ग्रामीण स्वच्छता कार्यक्रम पर कार्यशाला का आयोजन

अजमेर। जिले की स्वच्छता की रेटिंग देने के लिए एसएसजी 18 एप का उपयोग करने के लिए जिला कलेक्टर आरती डोगरा ने समस्त नागरिकों का आह्वान किया है।
   
जिला कलेक्टर आरती डोगरा ने खुले में शौच मुक्त जिले से आगे की अवधारणा के रूप में पेयजल एवं स्वच्छता मंत्रालय भारत सरकार द्वारा स्वच्छता  सर्वेक्षण ग्रामीण एसएसजी-18 के संबंध में जिला परिषद के पं. दीनदयाल उपाध्याय सभागार में आयोजित कार्यशाला में स्वच्छता रेटिंग देने के लिए कहा। उन्होंने उपस्थित अधिकारियों के माध्यम से समस्त जिले वासियों का आह्वान किया कि भारत सरकार के द्वारा 31 अगस्त तक स्वच्छता सर्वेक्षण ग्रामीण के अन्तर्गत नागरिकों से फीडबेक मांगा गया है। इसके लिए मोबाईल फोन में एसएसजी 18 नामक एप डाउनलोड करके अपने क्षेत्र की सफाई व्यवस्था के बारे में वस्तुस्थिति की जानकारी भरी जा सकती हैं।
   
उन्होंने कहा कि जिले में समस्त सार्वजनिक स्थानों तथा व्यक्तिगत स्तर पर सफाई एवं स्वच्छता पर विशेष ध्यान दिया जाना चाहिए। जिले का खुले में शौच मुक्त होना चिरस्थाई होने से ही स्वच्छ भारत मिशन का वास्तविक उद्देश्य प्राप्त होगा। जिले के समस्त शौचालय क्रियाशील होने चाहिए। ग्रामीण क्षेत्रों में  कचरा निस्तारण के लिए खड्डे बनवाने का कार्य महात्मा गांधी नरेगा के माध्यम से किये जाये। इस संबंध प्रस्ताव करवाकर जिला परिषद को भेजे जायें। इसके लिए आवश्यक संसाधन जिला परिषद के द्वारा प्राथमिकता से उपलब्ध करवाये जायेंगे।
   
कार्यशाला में माहवारी स्वच्छता प्रबंधन योजना का शुभारंभ किया गया। इस सम्बन्ध में जिला कलक्टर ने कहा कि माहवारी स्वच्छता स्वच्छ भारत मिशन के अंतर्गत व्यक्तिगत स्वच्छता का एक घटक है। इस सम्बन्ध में ग्राम पंचायत स्तर तक जागरूकता पैदा करने की आवश्यकता है। जिले की समस्त पंचायत समितियों के स्तर पर महिलाओं की आवाजाही वाले स्थान पर सेनेटरी नेपकिन वैंडिग मशीन स्थापित की जायेगी। साथ ही ग्राम पंचायतों में इसकी स्थापना के प्रयास विकास अधिकारी के द्वारा किया जायेगा। इन मशीनों का संचालन एवं प्रबंधन स्वयं सहायता समूह अथवा गैर सरकारी संगठनों के द्वारा किया जाएगा।
   
जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी अरूण गर्ग ने कहा कि एसएसजी 18 एप प्रत्येक ग्रामीण तक पहुंचाना सुनिश्चित होना चाहिए। जिले के समस्त ग्रामीणों द्वारा स्वच्छता की वस्तुस्थिति का फीडबैक एप में दिया जाये। जिले में विशेष अभियान चलाकर सार्वजनिक सफाई को सुदृढ किया जाएगा। गांवों में अस्पताल, आंगनबाड़ी केन्द्रों, पंचायत भवन, विद्यालयों तथा बाजारों पर विशेष फोकस रहेगा। भारत सरकार द्वारा जिले के 10 गांवों का चयन स्वच्छता का स्तर जांचने के लिए किया जाएगा।
   
उन्होंने कहा कि माहवारी स्वच्छता के एक मानवीय एवं संवेदनशील विषय है। इस विषय पर सभी को चर्चा करनी चाहिए। यह स्वच्छता का एक अंग है। ग्रामीण क्षेत्रों में ठोस व तरल कचरा प्रबंधन सार्वजनिक स्वच्छता के क्षेत्र में अभिकरण है। साथ ही माहवारी स्वच्छता व्यक्तिगत स्वच्छता पर केंद्रित है। ब्लॉक स्तर पर 3 तथा ग्राम पंचायत स्तर पर 6 अगस्त को कार्यशाला आयोजित कर जागरूकता पैदा की जाएगी।
   
इस अवसर पर मसूदा के प्रधान नारायण सिंह, जवाजा प्रधान गायत्री देवी रावत, जिला परिषद के अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी भगवत सिंह राठौड़, स्वच्छ भारत मिशन के जिला परियोजना समन्वय विजेन्द्र सिंह राठौड़, मानव संसाधन विकास सलाहकार रीता चतुर्वेदी, पोषण अभियान की जिला सलाहकार नताशा खुराना सहित समस्त विकास अधिकारी एवं स्वच्छता समन्वयक उपस्थित थे।



Get all updates by Like us on Facebook and Follow on Twitter

Powered by Blogger.